• Sun. Mar 1st, 2026

MKN NEWS

NIRBHIK SACH KE SATH SACH KI BAAT

‘मैं घबरा गई, गाना ही भूल गई’, लता मंगेशकर से पहली मुलाकात को श्रेया घोषाल ने किया याद

Feb 6, 2026

मुंबई: स्वर कोकिला लता मंगेशकर का नाम संगीत के इतिहास में स्वर्ण अक्षरों में दर्ज है। उनका संगीत आज भी लोगों के जीवन का हिस्सा है। आज उनकी पुण्यतिथि के अवसर पर पूरा देश उन्हें याद कर रहा है। इसी कड़ी में मशहूर गायिका श्रेया घोषाल ने भी लता मंगेशकर को श्रद्धांजलि अर्पित की। लोकप्रिय सिंगिंग रियलिटी शो ‘इंडियन आइडल’ के मंच पर लता मंगेशकर को भावपूर्ण श्रद्धांजलि दी गई। एपिसोड की शुरुआत लता दीदी के योगदान को याद करते हुए की गई। दर्शकों से लेकर जज तक, सभी बेहद भावुक हो गए। इस खास अवसर पर शो की जज श्रेया घोषाल ने लता मंगेशकर को उनके योगदान के लिए नमन किया। उन्होंने फिल्म ‘जब जब फूल खिले’ का अमर गीत ‘ये समां है प्यार का’ गाया। जैसे ही गीत की शुरुआत हुई, पूरे स्टूडियो में एक शांत और भावनात्मक माहौल छा गया। गीत के बाद श्रेया घोषाल ने मंच पर लता मंगेशकर से जुड़ी अपनी निजी यादें साझा कीं। उन्होंने कहा, ”मैं लता दीदी को अपना आदर्श मानती हूं, ठीक वैसे ही जैसे हर गायक उन्हें अपना गुरु मानता है। मेरी उनसे पहली मुलाकात काफी खास रही। एक बार मैं एक स्टूडियो में रिकॉर्डिंग कर रही थी और मुझे पता चला कि उसी स्टूडियो में लता मंगेशकर भी रिकॉर्डिंग के लिए आई हैं। यह सुनते ही मैं इतनी घबरा गई कि मेरा ध्यान गाने से पूरी तरह हट गया। मैं गाना ही भूल गई थी।” श्रेया ने बताया, ”उस समय रिकॉर्डिस्ट ने मुझसे कहा कि आज रिकॉर्डिंग छोड़ दीजिए और पहले जाकर लता दीदी से मिल लीजिए। इसके बाद मैं दौड़ते हुए लता जी के पास पहुंचीं। मन में बहुत कुछ कहने की इच्छा थी, लेकिन शब्द नहीं निकल पा रहे थे। तभी, लता दीदी ने खुद मुझे कहा कि उन्होंने मेरे गाने सुने हैं और मैं बहुत अच्छा गाती हूं।” श्रेया ने कहा, ”वह पल मेरे लिए खास हो गया। इस मुलाकात को मैं जीवन भर नहीं भूल सकती।” लता मंगेशकर की पुण्यतिथि पर फिल्म जगत और संगीत जगत की कई जानी-मानी हस्तियों ने भी श्रद्धांजलि दी। प्रसिद्ध फिल्म निर्माता मधुर भंडारकर ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर लता मंगेशकर के साथ बिताए गए एक पुराने पल का वीडियो साझा किया और लिखा, ”भारत रत्न लता मंगेशकर की मधुर आवाज, उनके गीत और उनकी आत्मा हमेशा दिल में बसे रहेंगे। भले ही वह आज हमारे बीच नहीं हैं, लेकिन यह विश्वास मुझे सुकून देता है कि उनकी आत्मा अमर है।”